आरंग: इस बार दिवाली मनाने को लेकर चल रही अटकलों के बीच आरंग में नगर के समस्त गौरा गौरी उत्सव समिति की आवश्यक बैठक राज गौरा गौरी चौरा बरगुड़ी में रखी गई थी।बैठक में आरंग नगर के समस्त गौरा गौरी उत्सव समिति के पदाधिकारी और प्रतिनिधि शामिल हुए।बैठक राज गौरा के प्रमुख पुनीत राम ध्रुव की अध्यक्षता में संपन्न हुई।बैठक में विभिन्न विषयों पर चर्चा के पश्चात अहम निर्णय लिए गए है।
जिसमें 28 अक्टूबर दिन सोमवार को एकादशी होने पर सभी गौरा गुड़ी में फूल कुचने की परंपरा के साथ गौरा गौरी उत्सव की शुरुआत होगी। वही 31 अक्टूबर दिन गुरुवार को चुलमाटी का कार्यक्रम होगा,जिसके लिए समितियों के सहयोग से पंडरी तालाब स्थित कर्मा माता मंदिर के पास मिट्टी की व्यवस्था करने पर सहमति बनी है। 31अक्टूबर को दिवाली मनाने के बाद रात में गौरा गौरी की प्रतिमा बनाने का कार्य शुरू होगा और प्रतिमा को समितियों के गौरा गुड़ी में स्थापित किया जाएगा। समितियों द्वारा 01 नवंबर को पूरे दिन ईशर गौरा-गौरी को अपने अपने गौरा गुड़ी में विराजित करने का निर्णय लिया गया है,इस दौरान श्रद्धालु ईशर गौरा-गौरी के दर्शन कर सकेंगे। 02 नवंबर दिन शनिवार को धूमधाम के साथ भव्य शोभायात्रा निकालकर गौरा गौरी की प्रतिमा का पंडरी तालाब में विसर्जन किया जाएगा।
इस बैठक में श्री राज गौरा समिति बरगुड़ी पारा,श्री सार्वजनिक गौरा गौरी समिति केवशी लोधी पारा,ईशर गौरा गौरी समिति ब्लॉक कालोनी,गौरा गौरी समिति श्याम बाजार,गौरा गौरी समिति महामाया पारा,गौरा गौरी समिति शीतला पारा आरंग, गौरा गौरी समिति शास्त्री नगर,गौरी गौरा समिति घुमराभाठा,गौरा गौरी उत्सव समिति बैहार के पदाधिकारी और प्रतिनिधि उपस्थित रहे।