छत्तीसगढ़

कौन थे मुकेश चंद्राकर? बस्तर का वो पत्रकार जिसे हर व्यक्ति स्तंभ है

2021 में माओवादियों ने कुछ CRPF जवानों को अगवा कर लिया था। मुकेश ने इन जवानों की रिहाई में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। राज्य पुलिस ने उनकी इस बहादुरी की सराहना की थी। मुकेश बस्तर क्षेत्र में नक्सली हमलों, मुठभेड़ों और अन्य मुद्दों पर रिपोर्टिंग करते थे। वे एक राष्ट्रीय समाचार चैनल के लिए स्ट्रिंगर के रूप में काम करते थे। साथ ही, वे एक यूट्यूब चैनल भी चलाते थे, जिसके 1.59 लाख से ज़्यादा सब्सक्राइबर थे।

मुकेश के YouTube चैनल पर बस्तर क्षेत्र के संघर्ष, आदिवासी समुदाय के मुद्दे और अन्य स्थानीय समस्याओं पर वीडियो देखे जा सकते हैं। वे अपने व्यापक नेटवर्क के जरिए राज्य की राजधानी रायपुर और देश भर के अन्य पत्रकारों की भी मदद करते थे।

बीजापुर में लापता पत्रकार मुकेश चंद्राकर का शव ठेकेदार की संपत्ति पर मिला। हत्या का मामला दर्ज हुआ। मुकेश ने सड़क निर्माण में अनियमितताओं की रिपोर्ट की थी। उनके भाई ने गुमशुदगी दर्ज कराई थी। मुख्यमंत्री ने अपराधियों को सख्त सजा देने के निर्देश दिए। पत्रकारों ने इस हत्या की निंदा की।

About the author

मीडिया एमपीसीजी