उत्कृष्ट सेवाओं के लिए स्काउटर गाइडर का भी किया गया सम्मान
रायपुर। छत्तीसगढ़ के राज्यपाल रमेन डेका आज गुरुवार को लोकभवन स्थित छत्तीसगढ़ मंडपम में भारत स्काउट्स एवं गाइड्स छत्तीसगढ़ द्वारा आयोजित राज्य पुरस्कार अलंकरण समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। समारोह की अध्यक्षता शिक्षा मंत्री एवं भारत स्काउट्स एवं गाइड्स छत्तीसगढ़ अध्यक्ष गजेंद्र यादव ने की। विशिष्ट अतिथि के रूप में राज्य मुख्य आयुक्त इंदरजीत सिंग, खालसा शिक्षा सचिव डॉ कमलप्रीत सिंह, राज्यपाल के सचिव डॉ. सी.आर. प्रसन्ना उपस्थित थे। राज्यपाल रमेन डेका ने मुख्य अतिथि आसंदी से कहा कि आज हमारे सामने सबसे बड़ी चुनौती है जल, जंगल और जमीन को बचाना। जल संरक्षण और जंगल को बचाने की दिशा में स्काउट गाइड बड़ी भूमिका निभा सकते हैं। पर्यावरण सुरक्षा की दिशा में स्काउट गाइड द्वारा सराहनीय कार्य किया जा रहा है। एक पेड़ मां के नाम अभियान पर्यावरण सुरक्षा के लिये कारगर सिद्ध हो रहा है। मुझे यह जानकर खुशी हो रही है कि इस पुरस्कार पाने के लिए बस्तर क्षेत्र से भी स्काउट गाइड आए हुए हैं। बस्तर से नक्सली समाप्त होने के बाद वहां शांति है और बस्तर में बदलाव देखने को मिल रहा है।
उन्होंने कहा कि स्काउट गाइड का आदर्श वाक्य है तैयार रहो। स्काउट यह सिखाता है कि विषम परिस्थितियों एवं जिम्मेदारियां को निभाने के लिए हमेशा तैयार रहें । अंत में उन्होंने सम्मानित स्काउट गाइड से कहा कि यह सम्मान मिलने से जिम्मेदारी बढ़ी है। यह सम्मान मिलने के बाद समाज सेवा में अपना योगदान देने की अपील की। उन्होंने युवाओं से कहा कि समय को पहचानना है और संघर्ष कर जगह बनाना बहुत जरूरी है तभी मंजिल तक पहुंच पाएंगे।
शिक्षा मंत्री एवं भारत स्काउट गाइड से के अध्यक्ष गजेंद्र यादव ने कहा कि भारत स्काउट गाइड नियम और प्रतिज्ञाओं से बँधा होता है जो उन्हें अलग पहचान दिलाता है। स्काउट गाइड के जो यूनिफॉर्म पहनते हैं वह अन्य बच्चों से उत्कृष्ट होते हैं। स्काउट गाइड कभी सेवानिवृत्ति नहीं होता यह निरंतर चलते रहता है। राज्यपाल के हाथों जो सम्मान मिलता है उसे जीवन भर याद रखता है तथा वह नई ऊर्जा के साथ जीवन भर कार्य करता है। उन्होंने स्काउट गाइड को राष्ट्रपति पुरस्कार पाने की शुभकामनाएं दी।
इस अवसर पर स्वागत भाषण देते हुए राज्य मुख्य आयुक्त इंदरजीत सिंग खालसा ने कहा कि राज्य पुरस्कार अलंकरण समारोह का उद्देश्य स्काउटिंग एवं गाइडिंग के माध्यम से विद्यार्थियों में सेवा भावना, अनुशासन, आत्मनिर्भरता, नेतृत्व क्षमता और सामाजिक उत्तरदायित्व की भावना को मजबूत करना है। राज्यपाल के हाथों पुरस्कार प्राप्त करना प्रतिभागियों के लिए गौरव का क्षण है। इस समारोह में प्रदेशभर से चयनित 405 स्काउट्स, 528 गाइड्स, 64 रोवर, 125 रेंजर कुल 1122 को राज्यपाल श्री रमेन डेका के करकमलों से राज्य पुरस्कार प्रदान कर सम्मानित किया गया।
समारोह में राज्य पुरस्कार प्राप्त करने वाले स्काउट्स एवं गाइड्स को सम्मानित करने के साथ ही स्काउटिंग के क्षेत्र में अनुकरणीय योगदान देने वाले सर्वश्रेष्ठ स्काउटर योगेश्वर प्रसाद गांगुली बालोद, सर्वश्रेष्ठ गाइडर तनुजा बंजारे, लता वैष्णव महासमुंद, सर्वश्रेष्ठ रोवर राजमणि राजमणि बंजारे, चंद्रशेखर पंकज, सर्वश्रेष्ठ रेंजर कु. विभूति वर्मा, कु. कृति बिजौर तथा सर्वश्रेष्ठ स्काउट ईश साहू, हरीश कुमार खोटे, राजवीर भट्ट, सर्वश्रेष्ठ गाइड दिव्या पटेल, दीप्ति पटेल दीर्घकालीन सेवा प्रदान करने वाले स्काउटर शैलेंद्र मिश्रा, आनंद राम बघेल, पवन कुमार नायक, विनोद कुमार हथेल,गाइडर शशि बंछोर, रजनी रेड्डी को प्रशस्ति पत्र एवं पुरस्कार राशि प्रदान कर सम्मानित किया गया।
इस दौरान पीपिंग सेरेमनी का आयोजन किया गया जिसमें लोकभवन में पदस्थ एडीसी उदित पुष्कर (आईपीएस)को रैंक बैज लगाकर सम्मानित किया गया। समारोह में सचिव श्री अमित कुमार क्षत्रिय, कार्यक्रम प्रभारी शैलेन्द्र मिश्रा, राज्य प्रशिक्षण आयुक्त डॉ. पूनम सिंह साहू, राज्य संगठन आयुक्त (गाइड) श्रीमती जलवती साहू, राज्य प्रशिक्षण आयुक्त (गाइड) श्रीमती सरिता पांडे, सहित संगठन के अनेक पदाधिकारी एवं अधिकारी समारोह में शामिल रहे। कार्यक्रम का संचालन शैलेंद्र मिश्रा एवं आभार व्यक्त राज्य सचिव अमित कुमार क्षत्रिय ने किया