किसानों को प्राकृतिक खेती का प्रशिक्षण और गोवंश से प्राप्त संसाधनों के उपयोग की ली जानकारी
रायपुर। अटल बिहारी वाजपेयी विश्वविद्यालय, बिलासपुर के कुलपति डॉ. ललित प्रकाश पटेरिया अपनी पत्नी के साथ मनोहर गौशाला के रायपुर स्थित मुख्य कार्यालय एवं जैविक कृषि प्रोत्साहन प्रशिक्षण केंद्र पहुंचे। उन्होंने गौसेवा, जीवदया, गौवंश संरक्षण और जैविक खेती को बढ़ावा देने के लिए किए जा रहे कार्यों की जानकारी ली। कुलपति ने गो-आधारित कृषि पद्धतियों को पर्यावरण संरक्षण और किसान कल्याण के लिए उपयोगी बताते हुए इन प्रयासों की सराहना की। डॉ. पटेरिया ने कहा कि विश्वविद्यालय के बोर्ड सदस्य डॉ. अखिल जैन गौसेवा और कृषि के क्षेत्र में समाजोपयोगी कार्य कर रहे हैं। उन्होंने गो-आधारित जीवनशैली को भारतीय परंपरा और प्रकृति संरक्षण से जुड़ा महत्वपूर्ण विषय बताया। साथ ही प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने की जरूरत पर जोर दिया। इस दौरान कुलपति को गाय एक अनुसंधान पुस्तक भेंट की गई।
जैविक खेती को किया जा रहा प्रोत्साहित
गोशाला के संस्थापक एवं प्रबंध न्यासी डॉ. अखिल जैन ने बताया कि गौवंश से प्राप्त संसाधनों के सदुपयोग के जरिए जैविक खेती को प्रोत्साहित किया जा रहा है। किसानों को प्रशिक्षण देकर गौ-आधारित कृषि पद्धतियों के प्रति जागरूक किया जा रहा है। फसल अमृत सहित अन्य गौ-आधारित कृषि प्रयासों के माध्यम से किसानों तक प्राकृतिक खेती के विकल्प पहुंचाने पर काम हो रहा है। इसका उद्देश्य गोवंश संरक्षण के साथ किसानों की मदद और पर्यावरण की सुरक्षा करना है।